Vimarsh News
Khabro Me Aage, Khabro k Pichhe

बिहार शराबबंदी कानून: शराबबंदी कानून की समीक्षा हो, राजद MLC ने विधान परिषद में उठाई मांग

bihar sharabbandi kanun samiksha rajd mlc doytarfa nuksan 20260219 095344 0000
0 245

बिहार शराबबंदी कानून से संबंधित मुद्दे अब सदन में अधिक गंभीरता से उठाए जाने लगे हैं। मंगलवार को यह विषय विधानसभा में और बुधवार को विधान परिषद में चर्चा का केंद्र बना।

ग्रामीण विकास विभाग के बजट पर चर्चा के दौरान राजद के विधान पार्षद विनोद कुमार जायसवाल ने शराबबंदी के नकारात्मक प्रभावों का जिक्र किया और इसे द्विदिशा में हानिकारक बताया। उन्होंने कानून की समीक्षा की मांग की।

प्रतिबंध के परिणामस्वरूप अवैध नशे का उपयोग बढ़ा

उन्होंने कहा कि शराब पर प्रतिबंध के परिणामस्वरूप अवैध नशे का उपयोग बढ़ गया है, जिससे युवा पीढ़ी बर्बाद हो रही है और शराब तस्कर अब अधिक धनार्जन कर रहे हैं। इसके अलावा, शराब की होम डिलीवरी की समस्या भी सामने आ रही है, जिसके कारण सरकारी राजस्व को भी क्षति पहुँच रही है। फुलवारीशरीफ में एक शैक्षणिक संस्थान में छत से शराब बरामद हुई।

इस परिप्रेक्ष्य में कानून के कार्यान्वयन की वास्तविकता का मूल्यांकन करना बेहद जरूरी हो गया है। होम डिलीवरी को लेकर भाजपा के अनिल कुमार ने राजद की ओर इशारा किया। चुनौती देते हुए विनोद ने कहा कि सरकार को जांच करनी चाहिए। जो भी दोषी होगा, उसे सजा मिलनी चाहिए। किसने रोका है! इस पर अनिल ने जवाब देने में चुप्पी साध ली।

यह उल्लेखनीय है कि विधानसभा में सत्ता पक्ष से माधव आनंद ने शराबबंदी कानून की समीक्षा की मांग की, जो कि चार विधायकों वाले राष्ट्रीय लोक मोर्चा के सदस्य हैं

इसे भी पढ़ें – Akhilesh Yadav के छोटे भाई Prateek Yadav के शादी का रिश्ता तालाक तक पहुंचा, पत्नी को “मतलबी महिला” बताया

Leave a comment