ग़ुलामी सिर चढ़कर बोल रही है Samdarshi Priyam 7 दिन ago 0 डॉ. योगेन्द्र बहुत वर्षों बाद आज टहलने नहीं गया। इच्छा नहीं हुई। कल जब मोटरसाइकिल को स्टैंड पर खड़ा कर रहा था तो स्टैंड ठीक से लगा नहीं।!-->!-->!-->…
फर्जीस्तान के बाशिंदों से निवेदन — डॉ योगेन्द्र समदर्शी प्रियम मई 18, 2026 0 घाम-पसीना छर्र-छर्र बहता है। हवा बहती है, तब भी पसीना नहीं रुकता। गर्मी का मौसम है तो स्वाभाविक है। मध्यम वर्ग को थोड़ी-सी गर्मी परेशान कर!-->…
इन दिनों: आइए, नाख़ून कटा कर शहीद बनें — डॉ योगेन्द्र समदर्शी प्रियम मई 17, 2026 0 इन दिनों: आइए, नाख़ून कटा कर शहीद बनें — डॉ योगेन्द्र लिखते है - नाख़ून कटा कर शहीद कहलाने का सुख अविस्मरणीय है। अगर आप सत्ता में हैं तो यह!-->…